Jitendra Tyagi (Waseem Rizvi) Biography in Hindi | वसीम रिज़वी का जीवन परिचय

जितेंद्र नारायण सिंह त्‍यागी को 6 दिसंबर 2021 से पहले वसीम रिज़वी के नाम से जाना जाता था। दरअसल 6 दिसंबर 2021 के दिन वसीम रिज़वी ने सनातन धर्म अपना लिया और अपना नाम बदलकर जितेंद्र नारायण सिंह त्‍यागी रख लिया। आइए आज जानते हैं जितेंद्र नारायण सिंह त्‍यागी (सैय्यद वसीम रिज़वी) का जीवन परिचय (Jitendra Narayan Singh Tyagi (Syed Waseem Rizvi) Biography in Hindi)

Waseem Rizvi Biography in Hindi

Syed Waseem Rizvi Biography in Hindi – वसीम रिज़वी का जीवन परिचय

पूरा नामजितेंद्र नारायण सिंह त्‍यागी
धर्म परिवर्तन से पहले का नामसैय्यद वसीम रिज़वी
जन्‍म1971
आयु50 वर्ष
जन्‍मस्‍थानलखनऊ, उत्‍तर प्रदेश
पत्‍नीदो शादियां
बच्‍चेदो बेटियां, एक बेटा
पेशाराजनीति
धर्महिंदू (पहले मुस्लिम)
शैक्षिक योग्‍यताइंटरमीडियट

Who is Waseem Rizvi in Hindi – कौन हैं वसीम रिज़वी

वसीम रिजवी धर्म परिवर्तन से पहले शिया समुदाय के मुस्लिम धर्म से आते थे। वह उत्तर प्रदेश के शिया वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। वसीम रिज़वी के पिता रेलवे कर्मचारी थे। जानकारी के मुताबिक, वसीम जब कक्षा 6 में पढ़ते थे, तभी उनके पिता का देहांत हो गया था। इसके बाद उनकी और उनके भाई की जिम्मेदारी उनकी मां पर आ गई थी।

Waseem Rizvi Education in Hindi – शिक्षा

जितेंद्र नारायण सिंह त्‍यागी (पहले वसीम रिजवी) ने इंटरमीडियट तक पढ़ाई की। इसके बाद वह आगे की शिक्षा ग्रहण करने के लिए नैनीताल चले गए और वहां एडमिशन लिया। इनकी पारिवारिक स्थिति बेहद खराब थी जिसकी वजह से इन्हें अपनी आगे की पढ़ाई छोड़नी पड़ी।

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Waseem Rizvi Career in Hindi – करियर

पारिवारिक स्थिति को देखते हुए वसीम सऊदी अरब के एक होटल में काम करने चले गए। इसके बाद उन्होंने जापान की एक फैक्ट्री में भी काम किया। फिर अमेरिका के एक स्टोर में काम किया लेकिन फिर उन्हें भारत वापस आना पड़ा। भारत आकर उन्होंने ट्रेंडिग का काम शुरू किया।

राजनीतिक करियर की शुरुआत

वसीम रिजवी की राजनीतिक करियर की शुरुआत नगर निगम के चुनाव से हुई। इसके बाद वह वक्फ बोर्ड के सदस्य बने और फिर चेयरमैन के पद तक पहुंचे।

Waseem Rizvi Controversies in Hindi – वसीम रिजवी से जुड़े विवाद

अपने कई बयानों की वजह से वसीम हमेशा सुर्खियों में रहे हैं। इतना ही नहीं इस्लामी इमामों के द्वारा उन्हें इस्लाम से खारिज भी कर दिया गया। आइए जानते है वसीम रिजवी से जुड़े विवाद-

कुरान की 26 आयतों को हटाने के लिए की याचिका दाखिल

साल 2021 में वसीम रिजवी ने कुरान की 26 आयतों को हटाने के लिए सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका दाखिल की थी। इसमें वसीम रिजवी ने कहा था कि कुरान की इन आयतों से आतंकवाद को बढ़ावा मिलता है। सुप्रीम कोर्ट ने उनकी याचिका खारिज कर दी थी और उन पर 50,000 रुपए का जुर्माना भी लगाया था।

परिवार के सदस्यों ने तोड़ा रिश्ता

कुरान की 26 आयतों को लेकर दिए विवादित बयान के कारण उनके बड़े भाई जहीर रिजवी ने सोशल मीडिया पर वीडियो के जरिए वसीम रिजवी से किसी भी प्रकार का रिश्ता न होने की बात कही थी।

राम की जन्मभूमि फिल्म में अभिनय

वसीम रिजवी ने अयोध्या मंदिर के मुद्दे पर फिल्म राम की जन्मभूमि बनाई। इसको लेकर उन्हें धमकी भी मिली थी। इस फिल्म में रिजवी ने अभिनय भी किया है।

वसीम रिजवी ने अपनाया सनातन धर्म

6 दिसंबर 2021 के दिन वसीम रिजवी ने सनातन धर्म अपना लिया। इसके साथ ही उन्‍होंने अपना नाम बदलकर वसीम रिजवी से जितेंद्र नारायण सिंह त्यागी कर लिया।

वसीम रिजवी को यती नरसिंहानंद ने हिंदू धर्म में कराया शामिल

यती नरसिंहानंद ने वसीम को हिंदू धर्म में शामिल कराया। इसके बाद उनके माथे पर त्रिशूल था और उनके गले में भगवा बाना दिखाई दिया।

Waseem Rizvi Web Story

FAQ’s

Q : वसीम रिजवी कौन हैं?
Ans :
वसीम रिजवी उत्तर प्रदेश या वक्फ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन है।

Q : वसीम रिजवी ने सनातन धर्म कब अपनाया?
Ans :
6 दिसंबर 2021

Q : वसीम रिजवी का नया नाम क्या है?
Ans :
सनातन धर्म अपनाने के बाद वसीम रिजवी का नया नाम जितेंद्र नारायण सिंह त्यागी हो गया।

Q : वसीम रिजवी उत्तर प्रदेश के शिया वक्फ बोर्ड के पूर्व चेयरमैन कब बने थे?
Ans :
वसीम रिजवी मुलायम सिंह यादव द्वारा 2004 में शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन बने थे।

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